ईश्वर कण-कण में व्याप्त है, पर हम उसे क्यों नहीं देख पाते?
Answers
Answered by
196
Answer:
उत्तर: ईश्वर कण-कण में व्याप्त है फिर भी हम उसे देख नहीं पाते क्योंकि हम उसे उचित जगह पर तलाशते ही नहीं हैं। ईश्वर तो हमारे भीतर है लेकिन हम उसे अपने भीतर ढ़ूँढ़ने की बजाय अन्य स्थानों; जैसे तीर्थ स्थल, मंदिर, मस्जिद आदि में ढ़ूँढ़ते हैं।
Explanation:
Answered by
8
Answer:
Hey mate answer is in the attachment
Explanation:
please mark me as brainliest
Attachments:

Similar questions